सिवनी – लखनादौन की जनपद पंचायत वैसे तो पहले से ही विवादों और भ्रष्टाचार के आरोपों में घिरी रहती है, लेकिन आज का मामला ग्राम पंचायत बीचना से सामने आया है, जिसने व्यवस्था की पोल खोलकर रख दी है। यहां सीसी रोड निर्माण के नाम पर करीब 7 महीने पहले 1 लाख 38 हजार की राशि निकाल ली गई, जबकि जमीनी हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है।
आपको बता दें हमारे पूर्व प्रधानमंत्री अटलबिहारी बाजपेयी ने बडे शहरो को ग्रामीण क्षेत्र के जोडने के लिए सडको का जाल बिछाया जिसमें प्रधानमंत्री सडक योजना के तहत जब सडको का निर्माण हुआ जिससे ग्रामीण दुर्गम क्षेत्रो से शहरो को जोडने से देश को एक विकास की एक नई दिशा मिली तो वही भ्रष्टाचारियो को एक मौका भी मिला जहां वे खुलकर भ्रष्टाचार करने लगे लेकिन सूचना का अधिकार जैसे कानून और सरकार की पारदर्शिता ने ऐसी व्यवस्था की जिससे देश का हरऐक नागरिक ग्राम पंचायत में क्या चल रहा है सब कुछ वे देख सकते है जिससे सरकार से तनख्वाह लेेकर भ्रष्टाचार करने वालो की पोल खुल गई और कई ऐसे भ्रष्ट अधिकारी भी है जिनके दोष सिद्ध होने पर उन्हे माननीय न्यायालय द्वारा सजा भी हुई लेकिन इसके बावजूद अभी भी कई ऐसे भ्रष्ट अधिकारी कर्मचारी है जो अभी भी अपनी आदतो से बाज नही आ रहे है ऐसा ही कुछ मामला बीजना ग्राम पंचायत से निकलकर आया है जहां जब मौके पर जाकर स्थिति देखी गई तो न तो वहां सीसी रोड का नामोनिशान मिला, न ही निर्माण सामग्री रखी हुई पाई गई। सबसे चैंकाने वाली बात यह रही कि जब सचिव से सवाल किया गया तो उन्होंने साफ तौर पर स्वीकार किया कि राशि निकाल ली गई है। वहीं सरपंच का बयान भी यही रहा कि पैसे निकल चुके हैं।
सवाल यह है कि बिना काम किए, बिना सामग्री के आखिर 1.38 लाख किस आधार पर निकाल दिए गए? यह सीधी-सीधी सरकारी धन की लूट नहीं तो और क्या है ? क्या जनपद पंचायत में बैठे जिम्मेदार अधिकारियों की आंखों पर पट्टी बंधी हुई है, या फिर सब कुछ जानबूझकर नजरअंदाज किया जा रहा है ?