सिवनी – देश में जाने कितनी बेटियाॅ प्रतिवर्ष दहेज प्रताडना का शिकार होती है जिन्हे या तो फाॅसी पर लटका दिया जाता है या जला दिया जाता है ऐसा ही एक मामला जिले के थाना बंडोल अंर्तगत दिनांक 17 अपै्रल 2014 को जिला अस्पताल सिवनी के डॉक्टर द्वारा थाना कोतवाली में बताया गया कि आहत मधु बेन पति संतोष बेन उम्र 24 वर्ष, निवासी बंडोल, जिला सिवनी को 50 प्रतिशत जली हालत में अस्पताल में भर्ती किया है उसे अग्रिम उपचार हेतु मेडिकल कॉलेज जबलपुर रेफर किया गया है इलाज के दौरान मधु की मृत्यु हो जाने पर पुलिस द्वारा द्वारा मामला कायम कर अन्वेषण पर पाया की दिनांक 16 अपै्रल 2014 को रात्रि में मधु का पति संतोष बेन ,सास राजकुमारी बेन , और देवर संतकुमार बेन ने दहेज की मांग पूरी न होने के कारण मधु के साथ मारपीट किए और देवर ने हाथ पकड़े और सास ने मिट्टी तेल डाला और पति संतोष ने माचिस से आग लगा दी । मीडिया सेल प्रभारी मनोज कुमार सैयाम ने आगे बताया कि आभियुक्तगण दहेज में नकद 10 हजार रुपए और एवम मोटरसाइकल के लिए शादी के कुछ समय बाद ही प्रताड़ित कर रहे थे। मामले की सुनवाई माननीय तृतीय अपर सत्र न्यायाधीश ,सिवनी के द्वारा की है जिसमे शासन की ओर से अपर लोक अभियोजक नेतराम चैरसिया एवम वरिष्ठ एडीपीओ मनोज कुमार सैयाम के द्वारा पैरवी और तर्क प्रस्तुत किए गए। माननीय विद्वान न्यायाधीश ने , मृतिका मधु के द्वारा डॉक्टर को मृत्यु पूर्व दिए कथन में पति ,सास और देवर के द्वारा जलाया गया बताया था , उक्त कथन को प्रमाणित कराने एवं अन्य साक्ष्य को साबित होने के आधार पर मधु के पति , सास और देवर को धारा = 498(ं) में तीनों को 02 वर्ष का कारावास तथा धारा =302 भा0द0वि0 में तीनों अभियुक्तगण को आजीवन कारावास एवम 10500 रूपये के जुर्माने से दंडित करने का निर्णय पारित किया है ।







