सिवनी – श्री श्याम बाबा एवं शिवपरिवार का भव्य प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव का आयोजन नगर के नागपुर रोड स्थित श्री श्याम मंदिर,आॅरेंज सिंटी,गुरूकुल स्कूल के सामने दिनाॅंक सोमवार 15 जून से 17 जून 2026 तक रखा गया है। जिसमें आप सभी सादर आमंत्रित है।
बुधवार दिनाॅंक 17 जून को मध्यकाल के शुभ मुहूर्त 12 बजकर 15 मिनिट पर सम्पन्न होगी। इस तीन दिवसिय धार्मिक आयोजन आचार्य पंडित अजय जोशी नागपुर के सानिध्य में सम्पन्न होगा। सभी श्रद्धालुओ से श्री श्याम परिवार समीति ने कार्यक्रम में पहुॅचकर धर्मलाभ लेने की अपील की है।
श्री श्याम मोपेड रैली
शनिवार दिनाॅंक 13 जून को प्रातः 9 बजे दोपहिया वाहन रैली का आयोजन किया गया है। जो कि मठ मंदिर से प्रारंभ होकर शहर के विभिन्न मार्गो से होते हुए श्री श्याम मंदिर में विराम होगा।
कार्यक्र्म
15 जून 2026 को प्रातः 8 बजे गणेश गौरी पूजन एवं सभी देवी देवताओ का आव्हान,11 बजे जलाधिवास,सुगंधिवास,दोपहर 2 बजे हवन पूजन,दोपहर 4 बजे संगीतमय सुंदरकांड जो कि श्री राममंदिर सुन्दरकांड समीति द्वारा किया जायेगा। इसके साथ ही शाम 6.30 बजे पुष्पाधिवास होगा।
भजनो का प्रवाह
सुमधुर भजन संध्या श्री श्याम कृपा तक चलेगी जिसके बाद बाबा का भव्य श्रंगार,भव्य दरबार,श्याम रसोई होगी। भजन प्रवाहक मोनू अग्रवाल,शैलू अग्रवाल,उमंग शर्मा,साहिल बघेल,सुश्री अनुशिखा अग्रवाल और मयंक मयूर बिंदल डोगरगढ़ होगे।
16 जून के कार्यक्रम
प्रातः 8 बजे गणेश गौरी पूजन,प्रातः10 बजे अन्नाधिवास,प्रातः11 बजे फलाधिवास के बाद दोपहर 2 बजे हवन पूजन के बाद दोपहर 4 बजे कलश एवं निशान यात्रा ( श्रीराम मंदिर से श्याम मंदिर तक ) ढोल, बाज,ेडीजे, शैला के साथ जिसके बाद भजन संध्या की बेला में रात्रि 7 बजे जलवा मेरे श्याम का भजन संध्या प्रभु इच्छा तक,अलौकिक श्रंगार,भव्य दरबार और श्याम रसोई का भव्य आयोजन रहेगा। इस अवसर पर भजन प्रवाहक बंटू भैया नजफगढ़ श्याम शुभम नागपुर होंगे।
बाबा का खजाना
शोभाया़त्रा के दौरान निशान एवं कलश उठाने वाले भक्तजनों में से 11 भक्तों को बाबा का खजाना ईनामी कूपन द्वारा दिया जायेगा।
आगे समीति ने बताया कि मंदिर परिषर में निर्माण कार्य चालू है। अभी शिव मंदिर का गंुबज,राणी सती ,दादी,राधाकृष्णजी,सालासर बालाजी भगवान के मंदिरों का निर्माण कार्य होना है। साथ ही धर्मशाला सत्संग हाॅल,भोजन कक्ष,गौशाला आदि निर्माण कार्य होना प्रस्तावित है। जिसमें श्रद्धालुजनों से तन – मन – धन से सहयोग प्रदान करने की अपेक्षा की है जिससे मंदिर निर्माण कार्य को पूर्ण करने में सहयोग मिल सके।









